उद् भव
स्थापना वर्ष (1995): विद्यालय की शुरुआत 1995 में केन्द्रीय विद्यालय आईटीबीपी, रामगढ़ के नाम से हुई थी। उस समय यह आईटीबीपी 9वीं बटालियन (वर्तमान में 50वीं बटालियन) के एक अस्थायी भवन में कक्षा 1 से 5 तक चलता था। इसका उद्देश्य सीमा सुरक्षा बल के जवानों के बच्चों को अच्छी शिक्षा देना था।
परिसर विस्तार (1996 एवं 2008): वर्ष 1996 में स्कूल को आईटीबीपी, बीटीसी, भानु के बैरकों में शिफ्ट किया गया। इसके बाद वर्ष 2008 में विद्यालय अपने नए और स्थायी भवन में स्थानांतरित हुआ।
संबद्धता एवं संरचना: यह विद्यालय केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) से मान्यता प्राप्त है। यह कक्षा 1 से 12वीं तक एक ‘सिंगल सेक्शन’ (एकल अनुभाग) स्कूल के रूप में संचालित है।
उपलब्ध संकाय: सीनियर सेकेंडरी स्तर (कक्षा 11 एवं 12) में विद्यालय में केवल विज्ञान संकाय (Science Stream) की सुविधा उपलब्ध है, जहाँ छात्रों को व्यावहारिक और आधुनिक प्रयोगशाला आधारित शिक्षा दी जाती है।
पीएम श्री दर्जा (2023): वर्ष 2023 में विद्यालय को केंद्र सरकार की पीएम श्री (PM SHRI) योजना के तहत चुना गया। अब यह संस्थान राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के अनुसार स्मार्ट क्लास, डिजिटल टूल्स और अनुभवात्मक शिक्षण विधियों के साथ कार्य कर रहा है।